विश्व के सात अजूबे के नाम – Seven Wonders Of The World in Hindi

Sunday, 14 March 2021 (11 months ago)
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विश्व के सात अजूबे के नाम – नमस्कार दोस्तों स्वागत है आपका इस ब्लॉग में, तो कैसे है आप आशा करते है सही होंगे और कुछ अच्छा ही करते होंगे, प्रिय पाठको आज के इस पृष्ठ में हम आपको Duniya ke Saat Ajoobe के बारे में जानकारी साझा करेंगे, हम उम्मीद करते है यह हामरे द्वारा बताई जाने वाली महत्वपूर्ण जानकारी आपके लिए काफी उपयोगी रहेगी, यदि आप भी इसकी सम्पूर्ण जानकारी प्राप्त करना चाहते है तब आपसे निवेदन है की आप इस लेख को अंत तक अवश्य पढ़े :

विश्व के सात अजूबे के नाम - Seven Wonders Of The World in Hindi


हम जानते है की दुनिया बहुत बढ़ी है, जिसे घूम पाना बहुत ही मुश्किल है या यूँ कहे की असम्भब है, लेकिन इसी दुनिया में कुछ ऐसे अजूबे है जिनको जानकार आप चौंक जाएंगे जो आपको नहीं पता, क्यूंकि यह इनको पूरे विश्व के जरिये चुना गया है, आप सोचते होंगे की यह कैसे चुने गए तो इसके बारे में भी हम आपको नीचे की ओर सम्पूर्ण जानकारी बता रहे है |

दुनिया के सात अजूबे कैसे चुने गए

यह भी एक महत्वपूर्ण सवाल है, क्यूंकि दुनिया के सात अजूबे कौनसे है इसके बारे में जानने से पहले यह जानना अभी उतना ही जरूरी है की विश्व के साथ अजूबे कैसे चुने और किसने तो चलिए जानते है |

हम जानते है की किसी भी चीज़ को चुनने के लिए एक व्यक्ति की बात नहीं होती है, उसमे बहुत से व्यक्ति शामिल होते है, हम जानते है की भारत हो या अन्य देश सभी में एक प्रधान मंत्री को चुनने के लिए पूरे देश के लोग वोट डालते है तब जाकर पता चलता है की कौन उस पद के लिए सही रहेगा |

ऐसे ही दुनिया के सात अजूबे चुनने के लिए सन 1999 में स्विजरलैंड द्वारा पैर की गई थी, आपको बता दे की इसमें 100 मिलियन से भी अधिक लोगों ने वोट डाले थे, अब आप सोचते होंगे की यह वोट कैसे डाले होंगे तो वह एक वेबसाइट बनाकर डाले गए थे, जो स्विट्ज़रलैंड की ही एक ऑफिसियल वेबसाइट थी |

दुनिया के सात अजूबे के नाम और फोटो

चलिए अब आपका ज्यादा समय ना लेते हुए आपको Duniya Ke Sath Ajoove के बारे में सम्पूर्ण जानकारी प्रदान करते है, आपकी जानकारी के लिए बता दे की यह हम आपको जो प्राचीन दुनिया के सात अजूबे की जानकारी दे रहे है यह हम अपने तरफ से बना कर नहीं बल्कि गूगल पर मौजूद जानकरी की मदद से रहे है |

यह दुनिया के सात अजूबे कौन से हैं आपके मन में सवाल अवश्य आता होगा, यदि आप एक विद्यार्थी है तब यह सवाल काफी बार एग्जाम में पूंछा गया होगा लेकिन वह आपको पता नहीं होगा, यदि आप एक ट्रैवलर है और दुनिया में घुमते है, तब आपको इन दुनिया के सात अजूबे इन इंग्लिश के बारे में पता होना जरूरी है, क्यूंकि यह ऐसे अजूबे है जहाँ आपको अलग अलग देशों के यात्री मिलेंगे |

Duniya Ke Sath Ajoove List in Hindi

No. विश्व के सात अजूबे के नाम City & Country
1. ताज महल Agra, India
2. कोलोसियम Rome, Italy
3. चीन की दीवार China
4. क्राइस्ट द रिडीमर Rio de Janeiro, Brazil
5. पेट्रा Ma’an, Jordan
6. चीचेन इट्ज़ा Yucatan Peninsula, Mexico
7. माचू पिच्चु Cuzco Region, Peru

1. ताज महल (Taj Mahal)

Duniya Ke Sath Ajoove Taj Mahal

ताज महल के बारे में : ताजमहल अपनी बेमिसाल खूबसूरती और भव्यता की वजह से दुनिया के सात अजूबों में से एक है, हम जानते है की “ताजमहल” नाम सुनते ही शाहजहाँ और मुमताज की याद आ जाती है, क्यूंकि शाहजहाँ और मुमताज महल के प्रेम का प्रतीक है, जो दो दिलों के प्रेम की कहानी को प्रतुत करता है, ताजमहल भारत में आगरा शहर में यमुना नदी के किनारे पर बना हुआ एक सफेद संगमरमर का मकबरा है, यह बहुत आकर्षक और प्रसिद्ध प्राकृतिक दृश्य की तरह दिखने वाला ऐतिहासिक ईमारत है, ताजमहल का निर्माण सन् 1631 ई॰ में उत्तर प्रदेश के प्रसिद्ध नगर आगरे में यमुना नदी के दाएं किनारे पर हुआ, ताज महल को शाहजहाँ ने अपनी रानी मुमताज महल की याद में बनवाया था |

आपको बता दें कि ताजमहल, मुमताज महल का एक विशाल मकबरा है, इसलिए इसे ”मुमताज का मकबरा” भी कहते हैं। मुगल बादशाह शाहजहां ने अपने प्रेम को हमेशा अमर रखने के लिए ताजमहल का निर्माण करवाया था,  यहां पर बड़ी चौकोर आकार की संरचना बना रखी है, जो कि खड़ी है। यहां के आधार संरचना के साथ परिसर में बहुत सारे कमरे हैं, ताजमहल आगरा फोर्ट से तीन किलोमीटर दूर है |

2. कोलोसियम (The Roman Colosseum)

Colosseum-in-Hindi

कोलोसियम के बारे में : कोलोसियम, जिसे हम फ्लावियन एलिप्टिकल एंफ़ीथियेटर भी कह सकते है, यह इटली देश के रोम नगर के मध्य में स्थित रोमन साम्राज्य का सबसे विशाल ईमारत है, ये ईमारत रोम की स्थापत्य कला और इंजीनयरिंग का उत्तम नमूना है | इसका निर्माण तत्कालीन शासक वेस्पियन ने 70-72वीं ईस्वी में प्रारंभ किया था, संरचना को आधिकारिक रूप से 80 सी.ई. में टीसस द्वारा एक समारोह में समर्पित किया गया | इस स्टेडियम में लगभग 50,000 तक लोग एक साथ बैठकर जंगली जानवरों और गुलामों  के बीच खूनी लड़ाइयों का खेल देखते थे |

यह भवन कोलोसियम अण्डाकार आकृति का बना हुआ है, अंडाकार में बने हुए कोलोसियम में 50000 दर्शक समा सकते थे, आपको जानकर हैरानी होगी कि इस स्टेडियम में सिर्फ मनोरंजन के लिए योद्धाओं के खुनी लड़ाइयाँ होती थी, यह लड़ाईया खुनी संघर्ष हुआ करती थी। यहाँ पर आखिरी रिकॉर्ड किये गए खेल 6 वीं शताब्दी में आयोजित किये गए थे।

3. चीन की दीवार (Great Wall of China)

Duniya-Ke-Ajoove-Chin-Ki-Deewar

चीन की दीवार के बारे में : चीन की ये विशाल दीवार 7वीं शताब्दी यानी कि 2800 साल पहले बनना शुरू हुआ था और इसे पूरा होने में करीब दो हजार साल लग गए थे, इस दीवार को लगभग 2,300 साल से भी अधिक पुरानी दीवार माना जाता है, सामान्य तय, चीन की विशाल दीवार देश की उत्तरी सीमा की रक्षा करती है | यह दीवार पत्तर और मट्टी से बाई हुई है जो दुनिया के साथ अजूबे के 3 नंबर पर आती है, आपको यह जान कर हैरानी होगी इस दीवार के हिस्से आपस जुड़े हुए नहीं है इसी के कारण यह 6400 किमी की लम्बाई है, यदि इसके सभी हिस्सों को जोड़ दिया जाए तब यह दीवार 8848 किलोमीटर के तहत होगी |


4. क्राइस्ट द रिडीमर (Christ the Redeemer Statue)

Christ the Redeemer Statue in Hindi

क्राइस्ट द रिडीमर के बारे में : क्राइस्ट द रिडीमर ब्राज़ील में जीसस क्राइस्ट की एक आर्ट डेको मूर्ति है जिसे पोलिश-फ्रांसीसी मूर्तिकार पॉल लैंडरोस्की द्वारा तैयार किया गया था, यह 1931 में बनकर पूरा हुआ और यह प्रतिमा 98 फीट (30 मीटर) लंबी खड़ी है वही अगर इसकी वह की बात की जाए तो बाहें 28 मीटर चौड़ी हैं। इसे दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा आर्ट डेको स्टैच्यू माना जाता है। यह एक चौकोर पत्थर के आसन आधार पर स्थापित है, अब यह ब्राजील देश की एक पहचान बन गई है, यदि इसकी बजन की बात की जाए तो वह 635 मीट्रिक टन बजनी है, यह मूर्ति प्रबलित कंक्रीट और सोपस्टोन से बनी हुई है और इसका निर्माण 1922 और 1931 के बीच किया गया है।

5. पेट्रा जॉर्डन (Petra Jordan)

Petra-in-Hindi-Ajoove

पेट्रा के बारे में जानकारी : पेट्रा एक बहुत ही खास ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थल है, जो दुनिया के साथ अजूबों में पाँचवें नंबर पर आता है, पेट्रा पुराने समय में निर्मित जॉर्डन में स्थित एक ऐतिहासिक नगर है, जो अपने पत्थर से तराशी गई इमारतों और पानी वाहन प्रणाली के लिए प्रसिद्ध है। यह जॉर्डन के लिए कमाई का एक जरिया है, इसे छठी शताब्दी ईसापूर्व में नबातियों ने अपनी राजधानी के तौर पर स्थापित किया था, पेट्रा के विस्मयकारी स्मारक पत्थर के चट्टानों और पहाड़ों में कटे हुए हैं आपको यह जानकार काफी हैरानी होगी की पेट्रा आधे निर्मित और आधी चट्टान में समाया हुआ है, पेत्रा एक “होर” नामक पहाड़ की ढलान पर बना हुई है और पहाड़ों से घिरी हुई एक द्रोणी में स्थित है | यहां के पत्थरों के गुलाब रंग की वजह से पेट्रा को “रोज सिटी” (Rose City) के नाम से भी जाना जाता है।


6. चीचेन इट्ज़ा (Chichen Itza)

चीचेन इट्ज़ा in Hindi

चीचेन इट्ज़ा के बारे में : चिचेन इट्जा, आधुनिक मेक्सिको के युकातान प्रायद्वीप के उत्तरी सिरे पर स्थित है, जो दुनिया के साथ अजूबों में 6th नंबर पर आता है, इट्ज़ा जातीय-वंश समुदाय का नाम है जिसने स्पेनिश विजय से पहले मैक्सिको के उत्तरी प्रायद्वीप पर शासन किया था, इस सीढ़ीदार पिरामिड का आधार चौकोर है और चारों ओर से शीर्ष पर स्थिति  मंदिर पर जाने के लिए सीढ़ियां हैं। चिचेन इट्ज़ा कैनकन के पश्चिम में 200 किलोमीटर की दूरी पर युकाटन राज्य है, चिचेन इट्जा जिसको “कुकुलकन का मंदिर” के नाम से भी जाना जाता है इसको लम्बाई लगभग 79 फ़ीट की है, चिचेन इट्ज़ा नाम का मतलब होता है कुएं के किनारे होता है | यह एक पुरातत्व स्थल है जो इतिहास के साथ ही विभिन्न डिजाइनों और शैलियों से समृद्ध है, इसकी संरचना उत्तर की सीढ़ी के पश्चिम में एक पंखदार सर्प की छाया निर्मित करती है |

7. माचू पिच्चु (Machu Picchu)

Machu-Picchu-in-Hindi-Ajoove

माचू पिच्चू के बारे मेंमाचू पिच्चू दक्षिण अमेरिकी देश पेरू मे स्थित एक कोलम्बस-पूर्व युग, यह अपनी सुंदरता और भव्यता से अधिक प्रसिद्ध है, इसी को बजह से यह दुनिया के साथ अजूबों में सातवें नंबर पर आता है, यह एक इंका सभ्यता से संबंधित ऐतिहासिक स्थल है, माचू पिच्चू 2007 में घोषित किया गया था, जिसको चुनने के के विश्व के 10 लाख से भी ज्यादा लोगों ने अपनी रहे दी थी, माचू पिच्चू का मलतब होता है पुरानी चोटी, जिसका संबंध इंका सभ्यता से है। माचू पिच्चू समुद्र तल से 2,430 मीटर की ऊँचाई पर उरुबाम्बा घाटी के ऊपर एक पहाड़ी पर स्थित है। माचू पिच्चू को इन्काओ का खोया शहर (Lost City) भी कहा जाता है। 1430 ई के दौरान इंकाओं ने अपने शासकों के आधिकारिक स्थल के रूप में माचू पिच्चू का निर्माण किया था | माचू पिच्चू स्नान और घरों, मंदिरों और अभयारण्यों को मिलाकर 150 से अधिक इमारतों से बना है।


निष्कर्ष

Dear Readers हम आशा करते है आपको हमारे द्वारा यह बताये गए विश्व के सात अजूबे के नाम – Seven Wonders Of The World in Hindi अवश्य पसंद आया होगा, यदि आप यह जानकारी पसंद आई और आप ऐसे ही महत्वपूर्ण जानकारी पाना चाहते है तो हमारे इस ब्लॉग से जुड़े रहे, यदि आप इस लेख को अपने दोस्तों के साथ शेयर करना चाहते है तब आप शेयर बटन पर क्लिक करके कर सकते है |

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